पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी जिले के "लक्ष्यभेद पब्लिकेशंससे प्रकाशित होने वाली सर्वप्रथम हिन्दी डिजिटल फॉर्मेट की पत्रिका "लक्ष्यभेद हिंदी ई-पत्रिकाके वेब पोर्टल पर आपका स्वागत है। आज आपके सामने प्रस्तुत है रचनाकार सलिल सरोज  की एक कविता  जिसका शीर्षक है “पहचान”:


हर बात पे यूँ  हंगामा नहीं किया जाता
प्यास लगने पे समंदर नहीं पिया जाता
 
बात जिन्दगी की  है, सोचना पड़ता है
बेटियों का हाथ यूँ ही नहीं दिया जाता
 
भूख जब  पिघलाने लगती  हैं  हड्डियाँ
फिर बारिश का पानी नहीं पिया जाता
 
बच्चे  जब करने लगे जिद्द  हर बात पे
तो उन को लाके चाँद नहीं दिया जाता
 
ज़ुल्म जब तक दूसरों पे हो , अच्छा है
जब खुद पे हो,  लब नहीं सिया जाता
 
अपनी  अदद  पहचान  भी  जरूरी  है
ताउम्र और के भरोसे नहीं जिया जाता